Tuesday, March 8, 2011

नाज़... हम उसका बैंड बजा देंगे...


नाज़... हम उसका बैंड बजा देंगे... बैंड बाज़ा बारात... भी... जोशी को पोशी बना देंगे... वोह गुस्सा दिखा रही है... और अब ग़ज़ल, कविता भी पोस्ट नहीं करती... अच्छा बाबा सॉरी... यह लास्ट टाइम था... अब नहीं तंग करेंगे उसको... 

manu ki saheli hai
new zealand se aai akeli hai...


BACCHA PARTY BAJAO...


manu ki saheli hai
new zealand se aai akeli hai...


ZOR SE BAJAO...


HO HO HO
MANU KI SAHELI HAI...


boli ek dum mishri hai
chal bhi naagin jaisi hai
aankhen ek dum karati hai..
AARE NEW ZEALAND SE AAI HAI 
AAI RE AAI HAI...
AAI RE AAI HAI...


he he he he he

अंदाज़ ए दिल्लगी

यही अंदाज़ ए दिल्लगी तोह मुझ पर सितम ढाते है रोमिल
दिल्लगी वोह हमसे करते है और हो किसी और के जाते है... 

Monday, March 7, 2011

कन्धा

यार को कन्धा ना दे सके तुम रोमिल 
तो आदत सी बना ली है तुमने अपनी
अपना समझकर दुश्मन को भी कन्धा दिया करते हो...

#रोमिल

Saturday, March 5, 2011

निगाहों

मेरे मरने के बाद वो उन निगाहों को ढूँढते रहते है रोमिल
जिन निगाहों से वो हमेशा पर्दा किया करते थे...

#रोमिल

चौखट

ऐसा नहीं है रोमिल की उसकी चौखट भूल गया हूँ
मगर जहाँ कोई अपना नहीं होता
वहां जाना भी अच्छा नहीं होता...

#रोमिल

Friday, March 4, 2011

निगाह केवल मर्दों के पॉकेट पर

नाज़ आपको एक टाइम पास सुनते है...

अर्जुन - चोरी करती हो.... तुमको पता होना चाहिए तुम धनुरधारी अर्जुन की बीवी हो...
सुभद्रा - सब सहेली भी मुझे यही कहती है...
अर्जुन - क्या कहती है...
सुभद्रा - उसकी निगाह सिर्फ मछली की आँख पर रहती  है.... और तुम्हारी निगाह केवल मर्दों के पॉकेट पर रहती है...


हा हा हा

फितरत

यह इंसान की फितरत है रोमिल
इसमें तेरा कोई कसूर नहीं
होंठों की प्यास भुझ जाये तो मिठास नहीं रहती!

#रोमिल