Monday, September 26, 2011

किताबों में लोग रब को ढूँढ लेते है

सुना है रोमिल, किताबों में लोग रब को ढूँढ लेते है
चलो उसको भी अब हम किताबों में ढूंढे.

#रोमिल

Friday, September 23, 2011

वक़्त के साथ बदला नहीं तहज़ीब-ए-अंदाज़ मेरा

वक़्त के साथ बदला नहीं तहज़ीब-ए-अंदाज़ मेरा
लोग अब भी कहते है, रोमिल, तू भूला नहीं लखनऊ तेरा...

#रोमिल

Wednesday, September 21, 2011

In dino kharche bahut hai zindagi jeene mein

In dino kharche bahut hai zindagi jeene mein
kaun jaye romil, fir bhi, lucknow ki gallian chod kar...

hai hasrat-e-dil ki maut mujhe yahi aa jaye to accha hai
log nahi, romil, zameen to teri apni hai...

dunia mein kaun kis ki leta hai kharab
tum bhi chale chalo, romil, zindagi-e-karwan bhi lamba hai...

#Romil

इन दिनों खर्चे बहुत है ज़िन्दगी जीने में
कौन जाये रोमिल, फिर भी, लखनऊ की गलियाँ छोड़कर...

है हसरत-ए-दिल की मौत मुझे यही आ जाये तो अच्छा है
लोग नहीं रोमिल, ज़मीन तो तेरी अपनी है...


दुनिया में कौन किसकी लेता है खबर
तुम भी चले चलो, रोमिल, ज़िन्दगी-ए-कारवां भी लम्बा है...

#रोमिल

jo kuch nahi karte samjhaya karte hai...

badi mashoor hai hamare lucknow ki kahavat romil
jo kuch nahi karte samjhaya karte hai...

#Romil

बड़ी मशहूर है हमारे लखनऊ की कहावत रोमिल
जो कुछ नही करते समझाया करते है...

#रोमिल

Tuesday, September 20, 2011

घर में आईने का आखिर क्या करना है

घर में आईने का आखिर क्या करना है
अपना मासूम सा चेहरा तलाश करना है...

कर चुके हो कितनों को तुम रुसवा
अब नहीं किसी को उदास करना है...

अंधेरों को दूर करके रास्तों से
चिरागों को रोशन करना है...

खुद के सर से गुनाह का भोझ उतारकर रोमिल 
अपनी पाक-ए-रूह को जिस्म से आज़ाद करना है...

#रोमिल

Monday, September 19, 2011

वो यह कहते हुए...

वो यह कहते हुए खुदा के दर पर भूखा मर गया रोमिल 
शायद खुदा तेरे फरिश्तों को गरीबों का घर मालूम नहीं!

#रोमिल

तू आइना है

लोग मजबूर होकर पत्थर मरेंगे जरुर रोमिल 
तू आइना है, बस अपना फ़र्ज़ अदा कर...

#रोमिल