Thursday, March 31, 2011

सच्चाई

जब तक न पता हो सच्चाई
रोमिल किसी को भी इल्जाम मत दो   
उसकी मजबूरियों को बेवफाई का नाम मत दो...

मिज़ाज

मिज़ाज तो देखो रोमिल उसका
जब तक नज़रे ना मिले 
वो सलाम भी नहीं करते है...

#रोमिल

Wednesday, March 30, 2011

सीख...

हम वफ़ा के सिवा उसको कुछ और ना सीखा सके मोहब्बत में रोमिल 
इस बेवफा ज़माने में यह सीख  
उसके बहुत काम आएँगी!

#रोमिल

Tuesday, March 29, 2011

मजबूर

मजबूर है हम दिल के हाथों रोमिल, 
जो उनके दर पर पहुँच जाते है
वरना शहर-ए-लखनऊ में रात गुजारने को और भी ठिकाने है...

#रोमिल

Monday, March 28, 2011

जिद

जिद पर वो भी अपने अड़े रहता है
दर्द जब होता है
तन्हाई जब सताती है  
मुझसे कुछ कहता नहीं रोमिल
बस कागज़ के किसी कोने पर लिख लेता है...

#रोमिल

Sunday, March 27, 2011

यह मोहब्बत भी कैसी ज़ंजीर है

रोमिल यह मोहब्बत भी कैसी ज़ंजीर है 
न तोड़ी जाती है
न बंधन में बंधी जाती है...

#रोमिल
*
ज़माने से डरती भी हूँ
तुझसे प्यार करती भी हूँ
महज दो क़दम ही दूर है तेरा घर मेरे घर से
मगर आने से डरती भी हूँ
लोग देखेंगे तो क्या कहेंगे
इसे प्यार समझेंगे या कुछ और नाम देंगे
यही सोच कर पल - पल मरती भी हूँ
ज़माने से डरती भी हूँ
रोमिल तुझसे प्यार करती भी हूँ...

#रोमिल

Saturday, March 26, 2011

फिर न जाने क्यूँ बेवफा कहता मुझे हर ज़माने वाला...

न मैं खुदा
न मैं तकदीर लिखने वाला
फिर न जाने क्यूँ बेवफा कहता मुझे हर ज़माने वाला...

#रोमिल